वित्तीय सलाहकार विभाग के मुख्य लेखा प्राधिकारी और शासन के मध्य एक महत्वपूर्ण कड़ी के रूप में कार्य करते हैं। इनके प्रमुख दायित्व निम्नलिखित हैं:
विभाग के वार्षिक बजट अनुमान तैयार करना, अतिरिक्त आवंटन की समीक्षा करना और यह सुनिश्चित करना कि व्यय निर्धारित बजट सीमाओं के भीतर ही हो।
विभागाध्यक्ष को सभी वित्तीय मामलों, निविदाओं (Tenders), अनुबंधों (Contracts) और नई योजनाओं की वित्तीय व्यवहार्यता पर विशेषज्ञ सलाह देना।
विभाग की विभिन्न इकाइयों के आंतरिक ऑडिट की व्यवस्था करना और ऑडिट रिपोर्ट में पाई गई वित्तीय अनियमितताओं पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करना।
मध्य प्रदेश वित्तीय संहिता (MPFC) और ट्रेजरी कोड का पालन सुनिश्चित करना तथा वित्तीय अनुशासनहीनता के मामलों में आवश्यक सुझाव देना।
संदर्भ: उपरोक्त उत्तरदायित्व मध्य प्रदेश शासन, वित्त विभाग के ज्ञापनों और 'बजट मैनुअल' के प्रावधानों पर आधारित हैं।